भोले बाबा के भजन:
इस लेख मे भोलेबाबा के कुछ सुंदर भजनों को लिखित रूप में प्रस्तुत किए गया हैं।विशेष प्रकार से सोमवार को भोलेनाथ का पूज्य दिवस माना जाता है। इस दिन इन भजनों का पाठ करके बाबा को प्रसन्न कीजिए।
कह देना डमरू वाले से
तेरे द्वार पुजारी आया है-2
न पेड़ा है न लड्डू है
बस भाव का जल वो लाया है
कह देना डमरू वाले से
तेरे द्वार पुजारी आया है-2
न सोना है न चाँदी है
बस भांग पिलाने आया है
कह देना डमरू वाले से
तेरे द्वार पुजारी आया है-2
न पैसा है न कपड़ा है
बस तुम्हारे दर्शन को आया है
कह देना डमरू वाले से
तेरे द्वार पुजारी आया है-2
बाबा संभालो इस गरीब की नईया
तेरे सहारे आया है
कह देना डमरू वाले से
तेरे द्वार पुजारी आया है-2
"बाबा तेरे चरणों की अगर धूल जो मिल जाए"
बाबा तेरे चरणों की अगर धूल जो मिल जाए
सच कहता हूँ भोले तकदीर बदल जाए।
ये मन बड़ा चंचल है, कैसे तेरा भजन करूँ
जितना इसे समझाऊँ, उतना ही मचल जाए।
बाबा तेरे चरणों की अगर धूल जो मिल जाए
सच कहता हूँ भोले तकदीर बदल जाए।
सुनते हैं दया तेरी दिन-रात बरसती है
इक बूँद जो मिल जाए, दिल की कली खिल जाए।
बाबा तेरे चरणों की अगर धूल जो मिल जाए
सच कहता हूँ भोले तकदीर बदल जाए।
बाबा इस जीवन की बस इतनी सी तमन्ना है
तुम सामने हो मेरे, मेरा दम ही निकल जाए।
बाबा तेरे चरणों की अगर धूल जो मिल जाए
सच कहता हूँ भोले तकदीर बदल जाए।
"शिव भोला भंडारी है"
शिव भोला भंडारी है, बाबा शिव भोला भंडारी है।
हे भोले कैलाशपति, बाबा सुनियो अर्ज हमारी।।
मस्तक पे चंदा सोहे, गले सर्प की माला
बाबा गले सर्पों की माला।
जटा जुट से बहती गंगा, कान में कुंडल डाला
बाबा कान में कुंडल डाला।
बैधनाथ तेरा धाम विराजे, भीड़ पड़ी अति भारी
बाबा भीड़ पड़ी अति भारी।
दूर दूर से आवे भक्तजन मुरादें होवे पूरी,
भोले होवें मुरादें पूरी।
दुनिया को तू अमृत बाटें,जहर हलाहल पिया
बाबा जहर हलाहल पिया।
नीलकंठ तेरा नाम है भोले, कहते हैं त्रिपुरारी
बाबा कहते हैं त्रिपुरारी।
शिव भोला भंडारी है, बाबा शिव भोला भंडारी है।
हे भोले कैलाशपति, बाबा सुनियो अर्ज हमारी।।
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